पटनाः लखीसराय मामले पर विधानसभा में आए दिन हो रहे हंगामे पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आपत्ति जताई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने तीखे तेवर में कहा है कि आप संविधान का खुलेआम उल्लंघन कर रहे हैं। इस तरह से सदन नहीं चलेगी। एक ही मामले को रोज-रोज उठाने का कोई मतलब नहीं। हम उसपर जरूर विचार करेंगे। विशेषाधिकार समिति जो रिपोर्ट पेश करेगी। हम उसपर जरूर विचार करेंगे और देखेंगे की कौन सा पक्ष सही है।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि सिस्टम संविधान से चलता है। किसी भी क्राइम की रिपोर्ट कोर्ट में जाती हैं, सदन में नहीं। कृपा करके ज्यादा मत करिए जो चीज जिसका अधिकार है। उसको करने दीजिए। किसी तरह का भ्रम है, तो बातचीत की जाएगी। इस मामले को अकारण आगे बढ़ाने की कोई जरूरत नहीं। आप संविधान देख लीजिए संविधान क्या कहता है। हमारी सरकार न किसी को बचाती है और ना किसी को फंसाते हैं।
सीएम नीतीश के बयान पर विधानसभा अध्यक्ष विजय सिन्हा ने कहा कि पुलिस के द्वारा लखीसराय की घटना पर खानापूर्ति की जा रही है। जहां तक संविधान की बात है, तो मुख्यमंत्री जी आप हमसे ज्यादा जानते हैं। मैं आपसे सीखता हूं। जिस मामले की बात हो रही है। उसके लिए तीन बार सदन में हंगामा हो चुका है। मैं विधायकों का अभिरक्षक हूं। मैं जब भी क्षेत्र में जाता हूं तो लोग सवाल पूछते हैं कि थाना प्रभारी और डीएसपी की बात नहीं कह पा रहे हैं। आसन को हतोत्साहित करने की बात ना हो। सरकार गंभीरता से इसपर कार्रवाई क्यों नहीं कर रही है। आप लोगों ने ही मुझे विधानसभा अध्यक्ष बनाया है।










